P Sharma
परिवार का आरोप- थाने से SP तक गुहार, FIR तक नहीं। सीएम से न्याय की मांग
*गोंडा।*
तरबगंज तहसील क्षेत्र में भू-माफियाओं का मकड़जाल इस कदर फैला है कि आम आदमी की जमीन और जान दोनों खतरे में है। इसका जीता-जागता उदाहरण सामने आया है इंद्रबली पुरवा, बेलसर निवासी अमरनाथ पुत्र हौसला प्रसाद की मौत।
परिवार का आरोप है कि 5 मई 2026 को भू-माफिया आशीष शर्मा पुत्र अयोध्या शर्मा ने दिमागी रूप से कमजोर अमरनाथ को “दवा” करने के बहाने घर से बुलाया और तरबगंज ले गया। वहां अपने साथियों और रजिस्ट्री ऑफिस के कुछ कर्मचारियों की मिलीभगत से गाटा संख्या 1344 की करोड़ों की जमीन का बैनामा राजमती पत्नी सोहनलाल के नाम करा दिया। सौदे की एवज में अमरनाथ के खाते में सिर्फ 4 लाख रुपये डाले गए।
कुछ दिन बाद नोटिस मिलने पर अमरनाथ को हकीकत पता चली। उसने तरबगंज तहसील में आपत्ति दर्ज कराई। बस यहीं से प्रताड़ना शुरू हो गई। परिवार के मुताबिक विपक्षी रामबाबू, सुनील, अनिल पुत्रगण सोहनलाल और आशीष शर्मा ने समझौता न करने पर झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी। मानसिक तनाव और प्रताड़ना से अमरनाथ का खाना-पीना छूट गया। तबीयत बिगड़ती गई।
1 अगस्त 2026 की सुबह अमरनाथ घर से निकले और वापस नहीं लौटे। शाम को सूचना मिली कि वह चौराहे पर बेहोश हैं। जिला अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों ने बताया कि उन्होंने विषाक्त पदार्थ खाया है।
मृतक के बेटे राजन का आरोप है कि विपक्षियों ने ही पिता को जहर देकर आत्महत्या के लिए मजबूर किया। राजन ने बताया “थाने से लेकर पुलिस अधीक्षक तक शिकायत की, पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। अगर प्रशासन ने न्याय नहीं दिया तो मुख्यमंत्री से गुहार लगाएंगे।”
फिलहाल परिवार दहशत में है और न्याय की उम्मीद में अधिकारियों के चक्कर काट रहा है।
_प्रशासन से मांग_ – इस मामले की उच्च स्तरीय जांच कर दोषियों पर गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई हो।

